छोटा कैलाश धाम: नैनीताल की पहाड़ियों में छुपा अद्भुत शिव-पार्वती का स्थल

Feb 15, 2026 - 16:30
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छोटा कैलाश धाम: नैनीताल की पहाड़ियों में छुपा अद्भुत शिव-पार्वती का स्थल
छोटा कैलाश धाम: नैनीताल की पहाड़ियों में छुपा अद्भुत शिव-पार्वती का स्थल

छोटा कैलाश धाम: नैनीताल की पहाड़ियों में छुपा अद्भुत शिव-पार्वती का स्थल

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कम शब्दों में कहें तो, नैनीताल के भीमताल में स्थित छोटा कैलाश मंदिर में महाशिवरात्रि के अवसर पर बडी संख्या में भक्तों ने जलाभिषेक और आराधना की। यहाँ की शांति और भक्ति का अद्भुत माहौल हर किसी को आकर्षित करता है।

महाशिवरात्रि पर उमड़ा भक्तों का सैलाब

हर वर्ष की तरह इस बार भी महाशिवरात्रि पर नैनीताल के भीमताल में स्थित छोटा कैलाश मंदिर में भक्तों की बडी संख्या देखने को मिली। भक्तों ने पहाड़ी रास्तों से यात्रा करते हुए यहाँ पर पहुँचकर भगवान शिव की आराधना की। इस अवसर पर भजन कीर्तन और मंत्रोच्चारण के बीच जलाभिषेक का आयोजन हुआ, जिसने धार्मिक वातावरण को और भी बढ़ा दिया।

विश्राम स्थल: शिव और पार्वती की प्रेम कहानी

छोटा कैलाश को शिव-पार्वती के प्रेम और उनके विवाह से जोड़ा जाता है। मान्यता है कि विवाह के बाद शिव और पार्वती ने यहीं विश्राम किया था। यह स्थल भगवान शिव की महिमा और पार्वती की भक्ति की अद्भुत कहानी लोगों के दिलों में बसी हुई है। यहां तीर्थयात्री केवल धार्मिक अनुष्ठान ही नहीं, बल्कि इस ऐतिहासिक और पौराणिक कथा के स्मरण के लिए भी आते हैं।

मंदिर का वातावरण और श्रद्धालुओं की आस्था

छोटा कैलाश मंदिर का वातावरण अत्यधिक शांति और भक्ति से ओत-प्रोत है। श्रद्धालुओं की भावनाएं यहां की हवा में महसूस की जा सकती हैं। कई भक्त यहाँ अपने मनोकामनाएं पूरी करने के लिए आते हैं और अपने जीवन में सुख-समृद्धि की कामना करते हैं। मंदिर परिसर में आए श्रद्धालु मंत्रों और भजनों के बीच ध्यान लगाने और आराधना करने में लीन रहते हैं।

कैसे पहुँचें छोटा कैलाश धाम

छोटा कैलाश धाम नैनीताल की पहाड़ियों में बसा है, जहाँ पहुँचना एक अद्भुत अनुभव होता है। यहाँ पहुँचने के लिए भीमताल से आपको पहाड़ी रास्तों का उपयोग करना होगा। यह एक आसान यात्रा है जिसे परिवार और मित्रों के साथ किया जा सकता है।

निष्कर्ष

नैनीताल का छोटा कैलाश धाम न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह एक सांस्कृतिक और ऐतिहासिक स्थल भी है। यहाँ की शांति, भक्तिभाव और प्राकृतिक सौंदर्य हर किसी को आकर्षित करता है। छोटे से इस पवित्र स्थल पर आने वाले भक्त केवल शिव की आराधना करते हैं, बल्कि शिव-पार्वती की प्रेम कथा के साक्षी भी बनते हैं।

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टीम यंग्सइंडिया
राधिका शर्मा

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